नायब सिंह सैनी व केंद्रीय ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल खट्टर के नाम ज्ञापन सौंपा।
एसडीएम को सौंपे गए ज्ञापन में किसानों ने मंगलवार
को कहा कि खेती की लागत लगातार बढ़ रही है, जबकि मार्केट में फसलों के उचित दाम नहीं
मिल रहे। उन्होंने खराब फसलों का समय पर मुआवजा न मिलने, बिजली-पानी की कमी और सरकारी
योजनाओं का लाभ सही तरीके से न मिलने पर नाराजगी जताई। किसानों का कहना था कि इन कारणों
से वे आर्थिक संकट और कर्ज के बोझ से जूझ रहे हैं।
किसानों की प्रमुख मांगों में सभी फसलों की न्यूनतम
समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीद सुनिश्चित करना शामिल है। उन्होंने खराब फसलों का तुरंत
मुआवजा देने, सिंचाई और बिजली आपूर्ति में सुधार करने की भी मांग की। इसके अलावा, किसानों
ने बुजुर्गों की पेंशन और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने
की अपील की। प्रदर्शन को किसान नेता अभिमन्यु, एडवोकेट हर्षदीप
गिल और दशरथ मालिक सहित कई वक्ताओं ने संबोधित किया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार
ने जल्द किसानों की मांगें नहीं मानीं, तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
किसानों के जिला सचिवालय पहुंचने और प्रदर्शन
करने के मद्देनजर जिला पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। प्रदर्शन के दौरान
एसडीएम राजेश खोथ ने किसानों से ज्ञापन प्राप्त किया और उनकी समस्याओं के समाधान के
लिए संबंधित अधिकारियों को पत्र लिखने तथा ज्ञापन को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी व
केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल को भिजवाने का आश्वासन दिया।