अररिया 01 मार्च।बिहार सरकार के बिजली बिल पर रियायत के बावजूद जिले में बिजली बकायेदारों द्वारा बकाया का भुगतान नहीं किया जा रहा है जिसको लेकर बिजली विभाग ने अब सख्त रुख अपनाना शुरू कर दिया है।लंबे समय से भुगतान नहीं करने वाले बड़े बकायेदारों के खिलाफ विभाग सर्टिफिकेट केस कर रहा है तो छोटे बकायेदारों के कनेक्शन काटे जा रहे हैं। 146 डिफॉल्टर उपभोक्ताओं पर सर्टिफिकेट केस किया गया है तो 27 उपभोक्ताओं को लीगल नोटिस जारी किया गया है।
जानकारी के अनुसार जिले में 20,950 ऐसे उपभोक्ता हैं जिन पर 20 हजार रुपए से अधिक बकाया है।बड़े डिफॉल्टरों पर विभाग का कुल 57 करोड़ 21 लाख रुपये बकाया है। अररिया अवर प्रमंडल में 14,799 उपभोक्ताओं पर 40 करोड़ 20 लाख रुपए और फारबिसगंज अवर प्रमंडल में 6,151 उपभोक्ताओं पर 17 करोड़ 01 लाख रुपए बकाया है। हालांकि जनवरी और फरवरी में करीब 3 करोड़ 79 लाख रुपए की वसूली की गई है, फिर भी बकाया राशि 57 करोड़ से अधिक बनी हुई है। अररिया प्रमंडल में 4655 कनेक्शन कटे।विशेष अभियान में फरवरी माह में ही जिले भर में 7,232 उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे गए। अररिया प्रमंडल में 4,655 कनेक्शन काटे गए, जबकि 138 लोगों पर बिजली चोरी की एफआईआर दर्ज हुई। वहीं फारबिसगंज प्रमंडल में 2,577 कनेक्शन काटे गए और 74 लोगों पर एफआईआर दर्ज कराई गई।
कार्यपालक अभियंता गौरव कुमार ने बताया कि दो हजार से अधिक की बकाया रहने पर बिजली काटी जा रही है।इसका मुख्य उद्देश्य उपभोक्ताओं को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराना है। बकायेदारों को पहले नोटिस दिया जाता है, उसके बाद कनेक्शन काटा जाता है। इसके बावजूद भुगतान नहीं करने पर लीगल नोटिस और फिर सर्टिफिकेट केस की कार्रवाई की जाती है। उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि कार्रवाई के बाद कुछ उपभोक्ताओं द्वारा परिवार के अन्य सदस्यों के नाम पर नया कनेक्शन लेने के मामले सामने आए हैं। विभाग ने ऐसे मामलों की जांच शुरू कर दी है। संयुक्त परिवारों में विशेष रूप से यह देखा जा रहा है कि कहीं बकाया चुकाए बिना नया कनेक्शन तो नहीं लिया गया।