सुपौल, 11 मई । विभिन्न मांगों को लेकर पिछले करीब तीन माह से चल रहे राजस्व कर्मचारियों के सामूहिक हड़ताल समाप्त होने के बाद सोमवार, 11 मई 2026 को कर्मचारियों ने पुनः अंचल कार्यालय में अपना योगदान दिया। लंबे समय बाद कार्यालय लौटे कर्मचारियों का योगदान लेने के बाद अंचलाधिकारी द्वारा सभी राजस्व कर्मचारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें लंबित राजस्व कार्यों की समीक्षा करते हुए कई आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
बैठक में अंचलाधिकारी ने कहा कि हड़ताल की अवधि के दौरान दाखिल-खारिज, परिमार्जन, लगान वसूली, जनता दरबार समेत विभिन्न राजस्व संबंधित मामलों का निष्पादन प्रभावित हुआ है। अब सभी कर्मचारी पूरी जिम्मेदारी और तत्परता के साथ लंबित मामलों का जल्द से जल्द निष्पादन सुनिश्चित करें, ताकि आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि सरकारी कार्यों में अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और सभी मामलों का समयबद्ध निपटारा किया जाए।
अंचलाधिकारी ने विशेष रूप से दाखिल-खारिज एवं परिमार्जन से जुड़े मामलों को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया। साथ ही लगान वसूली अभियान को भी तेज करने की बात कही गई। जनता दरबार में आने वाले मामलों का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया, ताकि लोगों का भरोसा प्रशासन पर बना रहे।
बैठक के दौरान आगामी 19 मई से आयोजित होने वाले पंचायत सहयोग शिविर को लेकर भी विस्तार से चर्चा की गई। अंचलाधिकारी ने शिविर के सफल आयोजन को लेकर कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए कहा कि शिविर के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में पहुंचकर लोगों की समस्याओं का ऑन-द-स्पॉट समाधान किया जाएगा। इसके लिए सभी राजस्व कर्मचारियों को सक्रिय एवं जिम्मेदार भूमिका निभाने का निर्देश दिया गया।बैठक में उपस्थित कर्मचारियों को यह भी कहा गया कि आम लोगों के साथ सौहार्दपूर्ण व्यवहार रखें तथा राजस्व संबंधित मामलों के निष्पादन में पारदर्शिता और तेजी बनाए रखें, ताकि लोगों को कार्यालय का बार-बार चक्कर न लगाना पड़े।