बुधवार से नए वित्तीय वर्ष के साथ कई बदलाव

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जोधपुर, 31 मार्च । नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत के साथ रोजमर्रा की जिंदगी में कई कई अहम बदलाव होंगे। रेलवे यात्रियों के लिए राहत है कि अब काउंटर टिकट कहीं से भी रद्द हो सकेंगे और रिजर्वेशन चार्ट पहले तैयार होगा। हाईवे पर टोल बढ़ोतरी जेब पर असर डालेगी। स्कूलों, आंगनबाड़ी केंद्रों और अदालतों के समय में बदलाव से अभिभावकों, विद्यार्थियों और वादकारियों की दिनचर्या भी प्रभावित होगी।

एक अप्रैल से सरकारी अस्पतालों की ओपीडी का समय बदल जाएगा। इसके तहत ओपीडी सुबह 8 से दोपहर 2 बजे तक संचालित होगी। अराजपत्रित अवकाश के दिन सुबह 9 से 11 बजे तक संचालित होगी। आमेर में हाथी सवारी के समय में भी बदलाव किया जाएगा। 1 अप्रैल से सवारी का समय सुबह 7 से 10:30 बजे तक ही रहेगा। वहीं रेलवे ने काउंटर टिकट (पीआरएस) रद्द करने के नियमों में बड़ा बदलाव किया है। इसके अनुसार एक अप्रैल से देश के किसी भी रेलवे स्टेशन के काउंटर से अपना टिकट कैंसिल करा सकते हैं। पहले केवल उसी स्टेशन पर जाना पड़ता था, जहां से टिकट लिया गया था।

ऑनलाइन ई-टिकट के लिए टीडीआर भरने की जरूरत खत्म कर दी गई है। रेलवे अब रिजर्वेशन चार्ट पहले की तुलना में ज्यादा पहले तैयार करेगा। पहले चार्ट ट्रेन के रवाना होने से 4 घंटे पहले बनता था, अब यह 9 से 18 घंटे पहले तैयार होगा। इससे वेटिंग में रहने वाले यात्रियों को पहले ही स्थिति पता चल जाएगी। वे वैकल्पिक व्यवस्था कर सकेंगे। यात्रियों को टिकट कन्फर्म होने की संभावना का अंदाजा पहले ही मिल जाएगा।

पहली बार राज्य में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत एक अप्रैल से होगी। इसके लिए सभी राजकीय विद्यालयों में प्रवेशोत्सव 2026 का आयोजन किया जा रहा है। स्कूलों का समय बदलेगा। एक पारी वाले स्कूल सुबह 7.30 से दोपहर 1 एक बजे तक और दो पारी वाले स्कूल सुबह सात से शाम छह बजे तक दो पारियों में संचालित होंगे। आंगनबाड़ी केन्द्र भी सुबह 8 से दोपहर 2 बजे तक खुलेंगे।

राजस्थान में नेशनल हाईवे पर सफर करने वालों को एक अप्रेल से अधिक टोल चुकाना होगा। प्रदेश के 170 से अधिक टोल प्लाजाओं पर दरों में बढ़ोतरी की गई है। नोटिफिकेशन के अनुसार कारों के टोल में कोई वृद्धि नहीं की गई है। ज्यादातर बढ़ोतरी कमर्शियल और भारी वाहनों के लिए की गई है, जो 5 से 30 रुपए तक है। रिंग रोड पर निजी और हल्के कमर्शियल वाहनों के लिए दरें यथावत रखी गई है, जबकि भारी वाहनों के लिए 5 से 20 रुपए तक की बढ़ोतरी की गई है।