दोहा (कतर), 19 मार्च । ईरान ने कतर के रास लफ्फान इंडस्ट्रियल सिटी पर मिसाइल हमला किया है। यहां दुनिया का सबसे बड़ा लिक्विफाइड नेचुरल गैस (एलएनजी) निर्यात टर्मिनल है। ईरान ने इस टर्मिनल को निशाना बनाया है। यह हमला 18-19 मार्च की रात किया गया। कतर ने कहा है कि देश की मुख्य गैस सुविधा रास लफान इंडस्ट्रियल सिटी पर ईरानी मिसाइल हमलों से काफी नुकसान हुआ है।
एबीसी न्यूज और अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, कतर के विदेश मंत्रालय ने ईरान के हमले की कड़ी निंदा और भर्त्सना की है। मंत्रालय ने कहा कि हमले के कारण टर्मिनल में आग लग गई। रिपोर्ट के अनुसार, कतर के अधिकारियों ने कहा कि ईरान ने पांच बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। इनमें से चार को इंटरसेप्ट कर लिया गया, लेकिन एक मिसाइल टर्मिनल पर गिरी। ईरान ने इसके अलावा ड्रोन का भी इस्तेमाल किया गया।
कतर एनर्जी ने पुष्टि की है कि हमले के कारण टर्मिनल पर भीषण आग लग गई और बुनियादी ढांचे को व्यापक नुकसान हुआ। हालांकि, किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। रास लफ्फान से दुनिया की लगभग 20 प्रतिशत एलएमजी की आपूर्ति होती है। इस हमले के बाद कतर ने एलएनजी का उत्पादन फिलहाल रोक दिया है। इससे वैश्विक ऊर्जा बाजार में हड़कंप मच गया। ब्रेंट क्रूड की कीमतें सात प्रतिशत से अधिक बढ़ गई हैं।
कतर ने इस हमले को अपनी संप्रभुता का उल्लंघन और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए सीधा खतरा बताया है। प्रतिक्रिया स्वरूप, कतर ने ईरानी दूतावास के सैन्य और सुरक्षा अधिकारियों को देश छोड़ने का आदेश दिया है। इसी दौरान ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के हबशान गैस संयंत्र और सऊदी अरब की रिफाइनरियों को भी निशाना बनाने की चेतावनी दी है। इसके बाद वहां सुरक्षा अलर्ट जारी किया गया है।
अबू धाबी के पास मिसाइल का मलबा गिरने से गैस प्लांट बंद
अबू धाबी मीडिया ऑफिस ने बताया कि मिसाइलों को रोकने के दौरान गिरे मलबे की वजह से अबू धाबी के पास के गैस प्लांट बंद कर दिए गए हैं। मिसाइलों ने हबशान गैस प्लांट और बाब तेल क्षेत्र को निशाना बनाया था; ऑफिस ने बताया कि गैस प्लांट में काम-काज रोक दिया गया है। संयुक्त अरब अमीरात के विदेश मंत्रालय ने कहा कि वह इन प्लांटों को निशाना बनाने वाले ईरानी हमले की कड़ी निंदा करता है। ये हमले अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन हैं।