लातेहार, 14 मार्च । झारखंड के लातेहार जिले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने प्रतिबंधित नक्सली संगठन भाकपा (माओवादी) के दो इनामी नक्सलियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस की गिरफ्त में आए नक्सलियों में जोनल कमांडर मृत्युंजय भुइया और सब-जोनल कमांडर बबलू राम शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से एक स्वचालित एके-47 रायफल, 21 जिंदा कारतूस और लेवी के लगभग 1.60 लाख रुपये नगद बरामद किए हैं।
दरअसल, लातेहार के पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव को गुप्त सूचना मिली थी कि माओवादी संगठन का जोनल कमांडर मृत्युंजय भुइया अपने दस्ते के साथ छिपादोहर थाना क्षेत्र के हरिणामाड़ गांव के आसपास आने वाला है। सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इलाके में छापेमारी अभियान चलाया और गांव के पास घेराबंदी कर दोनों नक्सलियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार नक्सली मृत्युंजय भुइया छिपादोहर थाना क्षेत्र के नावाडीह गांव का रहने वाला है और वह माओवादी संगठन में जोनल कमांडर के पद पर कार्यरत था। उस पर झारखंड पुलिस ने 10 लाख रुपये का इनाम घोषित कर रखा था। वहीं उसके साथ पकड़ा गया बबलू राम बिहार के अरवल जिले के निरखपुर गांव का निवासी है और माओवादी संगठन में सब-जोनल कमांडर के रूप में सक्रिय था। उस पर दो लाख रुपये का इनाम घोषित था।
शनिवार को आयोजित प्रेस वार्ता में एसपी कुमार गौरव ने बताया कि पुलिस लंबे समय से इन दोनों नक्सलियों की तलाश में अभियान चला रही थी। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की और चारों ओर से घेराबंदी कर दोनों को गिरफ्तार कर लिया।
एसपी ने बताया कि मृत्युंजय भुइया उर्फ फ्रेश भुइया पिछले लगभग 20 वर्षों से नक्सली संगठन में सक्रिय था और उस पर अलग-अलग थाना क्षेत्रों में करीब 104 नक्सली हिंसा के मामले दर्ज हैं। वह पुलिस के साथ 12 से अधिक मुठभेड़ों में शामिल रहा है और कई बार पुलिस बल पर घात लगाकर हमला करने की घटनाओं में भी उसकी भूमिका सामने आई है।
वहीं बबलू राम के खिलाफ भी विभिन्न थाना क्षेत्रों में करीब 15 आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस दोनों नक्सलियों से पूछताछ कर रही है और उम्मीद जताई जा रही है कि इस गिरफ्तारी से नक्सली गतिविधियों से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आ सकती हैं।————-