लाहौर, 30 मार्च । पाकिस्तान सुपर लीग (पीएसएल) में लाहौर कलंदर्स और कराची किंग्स के बीच खेले गए मुकाबले के दौरान कथित बॉल टेम्परिंग मामले ने बड़ा विवाद खड़ा कर दिया। लाहौर के स्टार बल्लेबाज फखर जमान पर कराची की पारी के अंतिम ओवर से पहले गेंद की स्थिति बदलने का आरोप लगा है।
सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो में फखर जमान अपने साथियों हैरिस रऊफ और कप्तान शाहिद अफरीदी के साथ चर्चा करते नजर आए। इसी दौरान ऑन-फील्ड अंपायर फैसल अफरीदी को कुछ संदेह हुआ और उन्होंने हस्तक्षेप किया।
अंपायर ने गेंद की जांच के बाद पाया कि उसकी स्थिति से छेड़छाड़ की गई है। इसके चलते कराची किंग्स को पांच रन का पेनल्टी दिया गया और अंतिम ओवर के लिए नई गेंद उपलब्ध कराई गई। इस फैसले ने मैच का रुख बदल दिया।
मैच के बाद पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने बयान जारी कर बताया कि फखर जमान पर लेवल-3 का आरोप लगाया गया है। यह आरोप खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ के आचार संहिता के अनुच्छेद 2.14 के तहत है, जिसमें गेंद की स्थिति बदलना अपराध माना जाता है।
मैच रेफरी रोशन महानामा की अगुवाई में हुई सुनवाई में फखर जमान ने सभी आरोपों को खारिज कर दिया। बोर्ड के अनुसार, अगले 48 घंटे में एक और सुनवाई होगी, जिसके बाद अंतिम फैसला सुनाया जाएगा।
मैच में अंपायरों द्वारा पांच रन की पेनल्टी दिए जाने के बाद कराची किंग्स को आखिरी ओवर में 9 रन की जरूरत थी, जिसे टीम ने सफलतापूर्वक हासिल कर लिया। ऑलराउंडर अब्बास अफरीदी ने रऊफ की गेंदों पर चौका और छक्का लगाकर टीम को जीत दिलाई।
अगर मैच रेफरी आरोपों की पुष्टि करते हैं, तो फखर जमान और लाहौर कलंदर्स टीम को कड़ी सजा का सामना करना पड़ सकता है, जिसमें निलंबन या भारी जुर्माना शामिल हो सकता है।