जयपुर, 27 फ़रवरी । सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री अविनाश गहलोत ने विधानसभा में बताया कि राज्य सरकार ने अपने दो वर्षीय कार्यकाल में 40 नवीन राजकीय छात्रावास खोलने की घोषणा की है। इनमें से 36 छात्रावासों का निर्माण कार्य प्रगति पर है, जबकि शेष चार छात्रावासों के लिए वित्तीय स्वीकृतियां जारी की जा चुकी हैं।
मंत्री ने जानकारी दी कि बजट वर्ष 2025-26 में 10 तथा बजट वर्ष 2026-27 में 12 सहित कुल 22 नकारा अथवा भवन-विहीन छात्रावासों के निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिए गए हैं, जिन्हें शीघ्र पूर्ण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने विद्यार्थियों के हित में मैस भत्ता भी चरणबद्ध रूप से बढ़ाया है। वित्तीय वर्ष 2024-25 में 2500 रुपये से बढ़ाकर 3000 रुपये तथा वर्ष 2025-26 में इसे बढ़ाकर 3250 रुपये प्रति छात्र प्रति माह कर दिया गया है। वर्तमान में प्रत्येक छात्र को 3250 रुपये मासिक मैस भत्ता दिया जा रहा है।
प्रश्नकाल के दौरान सदस्य देवी सिंह शेखावत द्वारा पूछे गए पूरक प्रश्नों के उत्तर में मंत्री ने बताया कि विधानसभा क्षेत्र बानसूर के नवगठित नगरपालिका नारायणपुर में संचालित राजकीय अम्बेडकर छात्रावास, बैरीसाल नारायणपुर की स्वीकृत क्षमता 25 से बढ़ाकर 50 सीट कर दी गई है। पूर्व में यह छात्रावास 1991 से किराये के भवन में संचालित हो रहा था, जबकि अब 50 बेड क्षमता का नया राजकीय भवन निर्मित किया गया है।
मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रदेश के 10 अन्य छात्रावासों में भी सीट क्षमता बढ़ाई गई है। इनमें राजकीय छात्रावास मसूदा (ब्यावर), बीदासर व सडूबड़ी (चूरू), उदयपुरवाटी (झुंझुनू), मुंडावर-खेतपुर (तिजारा), पाटन (सीकर), रायसिंहनगर, केसरीसिंहपुर व पदमपुर (श्रीगंगानगर) तथा राजकीय देवनारायण आवासीय छात्रावास (भीलवाड़ा) शामिल हैं। बजट घोषणा 2026-27 के दौरान इन छात्रावासों में कुल 170 सीटों की वृद्धि की गई है।
सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य वंचित वर्ग के विद्यार्थियों को बेहतर आवासीय सुविधा, पौष्टिक भोजन और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना है, ताकि वे शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ सकें।