बलिया, 19 मई । पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की हत्याकांड के मामले में सीबीआई ने यूपी के मुजफ्फरनगर से बलिया के एक और युवक राजकुमार सिंह को गिरफ्तार किया है, जिसके बाद से उसके गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। उसकी गिरफ्तारी की पुष्टि उसके पिता ने मीडिया के सामने की है।
सीबीआई ने शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की हत्याकांड के मामले को हाथ में लेते ही एक सप्ताह पहले बलिया निवासी राज सिंह को अयोध्या से गिरफ्तार किया था। जिसके बाद बलिया के गड़वार थाना क्षेत्र के कुरेजी के मूल निवासी और बलिया जिला मुख्यालय स्थित आनंद नगर मोहल्ले में उसके आवास के सीसीटीवी फुटेज दिखा कर राज सिंह के परिजनों ने राज को बेकसूर बताया था। सीबीआई की जांच आगे बढ़ी तो में बलिया के रातोपुर निवासी एक और राजकुमार सिंह का नाम सामने आया है। सूत्रों के अनुसार आरोपित राजकुमार सिंह हरिद्वार से वापस लौट रहा था। सीबीआई की टीम ने पहले से ही मुजफ्फरनगर स्थित टोल प्लाजा पर जाल बिछा रखा था। इसके बाद स्थानीय पुलिस के सहयोग से आरोपी राजकुमार सिंह को दबोच लिया गया। बलिया जिले के रसड़ा कोतवाली क्षेत्र के रतोपुर गांव के निवासी राजकुमार सिंह के पिता त्रिभुवन नारायण सिंह ने बताया कि सोमवार को सुबह पौने सात बजे सीबीआई के एक अधिकारी का फोन आया था कि राजकुमार सिंह को पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के सहयोगी चंद्रनाथ रथ की हत्या के मामले में मुजफ्फरनगर से गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने अपने बेटे की गतिविधियों को लेकर अधिक कुछ नहीं बोला।
बता दें कि राजकुमार सिंह के विरुद्ध रसड़ा कोतवाली में दो मुकदमे पहले से दर्ज हैं। राजकुमार सिंह के विरुद्ध मारपीट का पहला मुकदमा छह साल पहले वर्ष 2020 में पंजीकृत किया गया था। इसके बाद रसड़ा कोतवाली में रतोपुर गांव के जितेंद्र कुमार भारती की तहरीर पर 15 अप्रैल 2024 को राजकुमार सिंह और उसके पिता त्रिभुवन सिंह सहित कुल ग्यारह लोगों के विरुद्ध एससी-एसटी एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में नामजद मुकदमा दर्ज किया गया था। सीबीआई की बलिया से जुड़ी ताजा गिरफ्तारी के बाद एक और युवक के पकड़े जाने की संभावना जताई जा रही है। क्योंकि सूत्रों की मानें तो बांसडीह इलाके के एक गांव में सीबीआई की चहलकदमी की चर्चा है।