लंबी कतारें लग गईं, जिससे राहगीरों को असुविधा का सामना करना पड़ा।
जाम लगा रहे ग्रामीणों ने रविवार को आरोप लगाया कि, पिछले काफी समय से गांव
में बिजली आपूर्ति बेहद खराब है। बार-बार शिकायत के बावजूद बिजली विभाग कोई ठोस समाधान
नहीं कर रहा है। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे ग्रामीण सतीश बूरा ने बताया कि सरकार शहरों
में 24 घंटे बिजली देने का दावा करती है, लेकिन गांवों में नाममात्र की बिजली मिल रही
है, जिससे आम जनजीवन और किसानों को परेशानी हो रही है। उन्होंने यह भी बताया कि समस्या
किसी तकनीकी खराबी या लाइन फॉल्ट की नहीं है, बल्कि सभी लाइनें दुरुस्त होने के बावजूद
पर्याप्त बिजली नहीं दी जा रही। ग्रामीणों ने बिजली विभाग के अधिकारियों पर फोन न उठाने
और शिकायतों पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाया, जिसके कारण उन्हें सड़क पर उतरने के
लिए मजबूर होना पड़ा।
जाम की सूचना मिलते ही भाटला चौकी पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाने
का प्रयास किया। हालांकि, प्रदर्शनकारी बिजली समस्या के स्थायी समाधान की मांग पर अड़े
रहे। दोपहर तक भी बिजली निगम का कोई अधिकारी गांव में नहीं पहुंचा। इस प्रदर्शन में
ग्रामीण राहुल, राजेश, विक्की, लाडी सहित पगड़ी संभाल जट्टा किसान संघर्ष समिति के
सदस्य भी बड़ी संख्या में मौजूद थे। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही बिजली
आपूर्ति में सुधार नहीं किया गया तो उनका आंदोलन और तेज किया जाएगा।