सुपौल, 08 मई । नगर पंचायत सिमराही में करीब दस महीने के लंबे अंतराल के बाद गुरुवार को आम बोर्ड बैठक आयोजित की गई। मुख्य पार्षद की अनुपस्थिति में उप मुख्य पार्षद विनीता देवी की अध्यक्षता में बैठक की कार्यवाही पूरी हुई। बैठक में मुख्य पार्षद यशोदा देवी समेत छह वार्ड पार्षद अनुपस्थित रहे, जिसके बाद विभागीय नियमों के तहत बैठक शुरू की गई।
बैठक में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 91 करोड़ 65 लाख 26 हजार रुपये के बजट को मंजूरी दी गई। कार्यपालक पदाधिकारी वीणा वैशाली ने बताया कि बजट में प्रधानमंत्री आवास योजना के लिए 31 करोड़ रुपये, सड़क निर्माण कार्यों के लिए 10 करोड़ रुपये तथा नाला निर्माण के लिए 6 करोड़ 90 लाख रुपये का प्रावधान रखा गया है।इस दौरान कुल 16 प्रस्तावों पर चर्चा हुई, जिसमें 127 नई विकास योजनाओं को स्वीकृति प्रदान की गई। साथ ही पूर्व में स्वीकृत 30 योजनाओं को प्राक्कलन तैयार होने के बाद प्रशासनिक मंजूरी भी दी गई। नगर क्षेत्र में 1260 एलईडी स्ट्रीट लाइट लगाने की योजना को भी हरी झंडी मिली। हालांकि जिन वार्डों से प्रस्ताव प्राप्त नहीं हुए हैं, उन्हें फिलहाल इस योजना से बाहर रखा गया है। बैठक में वार्ड पार्षद स्मृति कुमारी ने नगर क्षेत्र में लगाए गए कूड़ेदानों की बदहाल स्थिति का मुद्दा उठाया। वहीं एनएच-27 एवं 106 त्रिकोण से हॉस्पिटल रोड तक लगने वाले जाम की समस्या पर भी चर्चा हुई।
पार्षदों ने अवैध बस पड़ाव हटाने तथा वैकल्पिक बस स्टैंड चिन्हित करने की मांग की। इसके अलावा नगर क्षेत्र में संचालित अवैध बूचड़खानों को बंद कराने और स्वच्छता मानकों के अनुरूप वैध बूचड़खाने स्थापित करने का प्रस्ताव भी रखा गया। मानसून के दौरान जलजमाव से राहत दिलाने के लिए विभिन्न वार्डों में राबिश एवं ईंट के टुकड़े गिराने के साथ जेसीबी और ट्रैक्टर मद में खर्च की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई। बैठक समाप्त होने के बाद कई वार्ड पार्षदों ने आरोप लगाया कि लंबे समय से बोर्ड बैठक नहीं होने के कारण विकास कार्य प्रभावित हो रहे थे। उन्होंने कहा कि लगातार मांग के बाद आखिरकार बैठक आयोजित की गई। वहीं कार्यपालक पदाधिकारी वीणा वैशाली ने कहा कि बैठक शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुई और चयनित योजनाओं पर जल्द कार्य शुरू कराया जाएगा।