प्रधानमंत्री मोदी ने निडरता से दान देने और जीवन बचाने के महत्व पर दिया संदेश

Spread the love

नई दिल्ली, 02 सितंबर । प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को संस्कृत के एक सुभाषितम् के माध्यम से निडरता से दान देने और जीवन बचाने के महत्व को रेखांकित किया।

प्रधानमंत्री मोदी ने ‘एक्स’ पर यह सुभाषितम् साझा किया, “अभयस्यैव यो दाता तस्यैव सुमहत्फलम्। न हि प्राणसमं दानं त्रिषु लोकेषु विद्यते॥”

इस सुभाषितम् का अर्थ है कि जो व्यक्ति दूसरों के भय को दूर कर उन्हें अभय प्रदान करता है, उसे महान फल की प्राप्ति होती है। तीनों लोकों में प्राणों की रक्षा करने से बढ़कर कोई दान नहीं है। प्रधानमंत्री ने मानव जीवन की रक्षा को सर्वोच्च दान बताया।