याचिका में अधिवक्ता लक्ष्मीकांत मालपुरा ने अदालत को बताया कि राज्य सरकार ने टोंक जिले में जस्टिना से मित्रपुर जाने वाली रोड की चौड़ाई बढ़ाने और इस पर सौंदर्यीकरण करने के लिए वहां मौजूद मकानों को तोडऩे की कार्रवाई आरंभ कर दी है। इसके तहत सार्वजनिक निर्माण विभाग की ओर से मौके पर रोड की जद में आने वाले मकानों पर लाल निशान लगा दिए गए हैं और जल्दी ही इन निर्माणों पर बुलडोजर चलाने की कार्रवाई की जाने वाली है। याचिका में कहा गया कि मौके पर पर्याप्त चौडी रोड है और उस पर भारी यातायात वाहनों की आवाजाही भी नहीं होती है। ऐसे में स्थानीय आवश्यकताओं को देखते हुए पूर्व में ही इस रोड को पर्याप्त चौडी बनाई गई थी, लेकिन अब चहेतों को लाभ पहुंचाने के लिए इस रोड को चौडी की जा रही है। याचिका में यह भी कहा गया कि उनके पास स्थानीय ग्राम पंचायत के पंजीकृत पट्टे हैं। ऐसे में अनावश्यक रोड चौड़ी करने और सौंदर्यीकरण के नाम पर उनके मकानों को नहीं तोड़ा जाए। जिस पर सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने याचिकाकर्ताओं के मकान ध्वस्त करने पर रोक लगाते हुए संबंधित अधिकारियों से जवाब तलब किया है।