जोधपुर, 24 जनवरी । भारतीय सशस्त्र बलों के इंटीग्रेटेड और टेक्नोलॉजी पर आधारित युद्ध के विजऩ के अनुरूप कोणार्क कोर द्वारा शहर में मल्टी-डोमेन ऑपरेशन पर एक सेमिनार सफलतापूर्वक संपन्न किया।
जन संपर्क अधिकारी (रक्षा) ले. कर्नल निखिल धवन ने बताया कि सेमिनार में ऑपरेशनल कमांडरों, विषय विशेषज्ञों और वरिष्ठ अधिकारियों ने आधुनिक युद्ध में बदलते परिवेश पर विचार-विमर्श किया जिसमें सैटेलाइट इमेजरी, सूचना संचालन, कंप्यूटर नेटवर्क, इलेक्ट्रॉनिक युद्ध और खुफिया जानकारी हासिल करना शामिल हैं।
विचार विमर्श के माध्यम से जटिल और प्रतिस्पर्धी माहौल में निर्णय लेने में श्रेष्ठता हासिल करने में सक्षम, एक लचीली, नेटवर्क केंद्रित सेना बनाने के लिए सैन्य-नागरिक तालमेल और तीनों सेवाओं के एकीकरण के महत्व पर जोर दिया गया। विचार-विमर्श से मिले सुझावों का उद्देश्य ऑपरेशनल तैयारी को बेहतर बनाना और ऑपरेशन सिंदूर के बाद सभी सेवाओं में अंतर संचालन को बढ़ावा देना है।
बता दे कि कोणार्क कोर वैचारिक विकास और परिवर्तन में सबसे आगे है, जो भविष्य में युद्ध की चुनौतियों का सामना करने के लिए संयुक्तता और नई खोज पद्धति को मजबूत करने में आगे बढ़ा रहा है।