बीजापुर, 19 जून । विकास और बुनियादी सुविधाओं की कमी से जूझ रहे बीजापुर जिले के ग्राम पंचायत पेद्दाकोड़ेपाल के आश्रित गांव कोयाईटपाल-डोगरीपारा के निवासियों ने अपनी सालों पुरानी आवागमन की समस्या को 200 ग्रामीणों ने एक साथ मिलकर सामूहिक श्रमदान किया और बहते नाले पर लकड़ी का एक अस्थायी पुल बनाकर तैयार कर दिया। हर साल वर्षा ऋतु के आगमन के साथ ही यहां की स्थिति बेहद गंभीर हो जाती है। नदी-नाले उफान पर आने से बच्चों का स्कूल जाना बंद हो जाता था और बुजुर्गों, मरीजों तथा गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुंचाने में भारी जोखिम उठाना पड़ता था।
ग्रामीणों के इस सराहनीय प्रयास की भनक लगते ही भाजपा सोशल मीडिया जिला संयोजक के.जी. सुधाकर, अनुसूचित जनजाति मोर्चा के जिलाध्यक्ष संदीप तेलम और सहसंयोजक जितेंद्र तेलम मौके पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों का हौसला बढ़ाया और इस गंभीर समस्या से पूर्व मंत्री महेश गागड़ा को अवगत कराया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पूर्व मंत्री महेश गागड़ा ने आज शुक्रवार काे ग्रामीणों को भरोसा दिलाया है कि जैसे ही वर्षा ऋतु समाप्त होगी, वैसे ही यहां छह मीटर लंबी नवीन पक्की पुलिया के निर्माण की प्रक्रिया को प्राथमिकता के साथ शुरू करा दिया जाएगा। ग्रामीणों का कहना है कि पूर्व मंत्री से मिले आश्वासन के बाद अब उन्हें उम्मीद जगी है कि जल्द ही उनकी यह समस्या हमेशा के लिए खत्म हो जाएगी। पक्की पुलिया का निर्माण होने से न सिर्फ सुरक्षित आवागमन संभव होगा, बल्कि इस सुदूर वनांचल क्षेत्र के विकास को भी एक नई दिशा मिलेगी।